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Wednesday, May 8, 2019

आभामंडल परिचय

आभामंडल परिचय
कहते हैं मन खुश हो तो सब अच्छा लगता है और यदि मन ही उदास हो तो जीवन में कोई रस नहीं दिखता। रोजाना एक जैसे दिनचर्या बिताने वाले लोगों के लिए मन के उतार-चढ़ाव का होना आम बात है। लेकिन अचानक किसी में एक अलग चमक देख हैरानी होती है और मन में सवाल आता है कि वह आज खुश कैसे है, क्या कुछ बात हुई, उसके निखरे हुए चेहरे का क्या राज है? आखिर क्या है जो आज उसके आसपास सब कुछ काफी चमकदार सा लगता है। इसका कारण जान आप दंग भी रह सकते हैं।

जिस तरह आपका मन आपके शरीर को ऊर्जा प्रदान करता है, उसी तरह से आपका शरीर भी आपके मन को एनर्जी देता है। यही कारण है कि कई बार लोग काफी खुश प्रतीत होते हैं। उनके चारो ओर का वातावरण खुशनुमा लगता है। इसे आप आभामण्डल यानी कि “औरा” भी कह सकते हैं। लेकिन क्या है यह आभामण्डल?

यदि वैज्ञानिक रूप से देखें तो बताया जाता है कि मनुष्य का केवल एक शरीर ही नहीं होता है, बल्कि इस भौतिक शरीर के अलावा एक प्रकाशमय एवं ऊर्जावान शरीर भी होता है। एक ऐसा शरीर जो ऊर्जा के रूप में मनुष्य के शरीर के चारो ओर 2 फीट की दूरी पर दिखाई देता है। इस शरीर को आप छू नहीं सकते, लेकिन इसकी किरणों को महसूस जरूर कर सकते हैं।

क्या आप जानते हैं कि मानव शरीर को चार प्रकार के शरीर में विभाजित किया गया है? इसमें से एक शरीर वही है जो मनुष्य अपने जीवन के दौरान अपने साथ लेकर चल रहा है, लेकिन अन्य सभी शरीर आत्मा के अलग होने के बाद आते हैं। लेकिन आभामण्डल स्वयं भी मानव के एक शरीर का निर्माण करता है, यह शरीर सूक्ष्म शरीर है इसीलिए दिखाई नहीं देता।

केवल मनुष्य ही क्यों, बल्कि अन्य जीव जंतुओं के पास भी एक सूक्ष्म शरीर होता है जो उनके आभामण्डल को परिभाषित करता है। चाहे मनुष्य हो या अन्य कोई भी जीव हो, हर किसी का अपना औरा होता है। यह औरा विभिन्न रंगों की किरणों के साथ मनुष्य के आसपास चक्रिय आकार में घूमता है।

आभामण्डल का आकार तथा उसका रंग एक मनुष्य के बारे में कई चीजों की जानकारी देता है। क्या आप जानते हैं कि इस आभामण्डल की मदद से एक इंसान के चरित्र, उसके विचारों तथा उसकी सोच का पता चलता है। यह आभामण्डल बताता है कि आपके सामने खड़ा इंसान किस प्रकार की सोच में गुम है।

क्या वह वास्तव में आपके साथ है भी या अपनी ही किसी दुनिया में खोया है। आभामण्डल में मौजूद रंग हमें एक इंसान के चरित्र का जो वर्णन देते हैं वह काफी दिलचस्प है। माना जाता है कि यदि एक इंसान देखने में काफी आकर्षक लग रहा है और तरोताजा प्रतीत होता है तो इसका अर्थ है कि वह विभिन्न रुचियों से भरा है।

लेकिन वहीं दूसरी ओर यदि उसका आभामण्डल केवल एक या दो रंगों को ही दर्शाता है तो इसका तात्पर्य है कि उसका जीवन केवल कुछ ही विषयों के आसपास घूम रहा है।

यह रंग हमारे आभामण्डल को परिभाषित करते हैं। क्या आप जानते हैं कि यही आभामण्डल आपके आध्यात्मिक स्वास्थ्य पर भी प्रभाव डालता है, लेकिन कैसे? इसका जवाब आभामण्डल में मौजूद रंगों द्वारा मिलता है। जिससे आप ना केवल अपने बल्कि किसी और के चरित्र को भी पहचान सकते हैं। लेकिन क्या आपने कभी जाना है कि आपका आभामण्डल आपके बारे में क्या कहता है?

आप कैसे खुद के आभामण्डल को जान सकते हैं इसके लिए इसका सही ज्ञान होना आवश्यक है। यदि आप अपने आभामण्डल को पहचान पाएंगे तो आप किसी के भी आभामण्डल को विस्तारित करने के योग्य होंगे। जैसा कि उपरोक्त पंक्तियों में बताया गया है कि हमारे औरा में मौजूद रंग ही उस आभामण्डल को परिभाषित करते हैं, तो आइए जानें कौन से रंग क्या कहते हैं:

यदि आपको आभामण्डल का रंग लाल या गहरा प्रतीत हो है तो इसका मतलब है कि वह इंसान बहुत जल्दी क्रोधित हो जाता है। ऐसे इंसान जब गुस्से में होते हैं तो वे नहीं जानते कि वे क्या बोल रहे हैं। इनके गुस्से की कोई सीमा नहीं होती और जब वे क्रोधित होते हैं तो कुछ भी सोचते-विचारते नहीं हैं।

कहते हैं जिस व्यक्ति के आभामण्डल में पीले रंग का आभास हो उनका मस्तिष्क काफी सचेत रहता है, लेकिन यदि यही पीला रंग गहरा हो जाए तो यह अच्छा संकेत नहीं है।

यदि किसी व्यक्ति का आभामण्डल आपको नारंगी रंग का लगता है तो ऐसे लोग रचनात्मक स्वभाव के होते हैं। इन्हें भावनात्मक भी माना जाता है। अगला रंग है पीला यह बुद्धिमानी का प्रतीक है।

इसके बाद आभामण्डल में यदि हरा रंग दिखाई दे तो ऐसा इंसान काफी शांत स्वभाव का होता है। एक बाग में दिखने वाली हरियाली की तरह ही ऐसे इंसान के चेहरे पर आप संतुष्टि देख सकते हैं।

परंतु आभामण्डल में काला रंग दिखाई दे तो यह जीवन की असंतुष्टि की व्याख्या करता है। ऐसे लोग जीवन में खुश नहीं होते। इनका मानसिक स्वास्थ्य भी स्थिर नहीं रहता।

यानी कि परेशानियां इनके जीवन का एक विशेष भाग बनकर बैठी हैं। माना जाता है कि काले आभामण्डल वाले लोग ही नशीले पदर्थों का सबसे ज्यादा सेवन करते हैं। लेकिन दूसरी ओर यदि किसी इंसान के आभामण्डल में नीले रंग की छाया नज़र आए तो यह सबसे अच्छा रंग माना जाता है।

ऐसे व्यक्ति बेहद उत्साहित एवं कुशल स्वभाव के होते हैं। लेकिन बाकी रंगों की तरह ही यदि इस रंग पर भी काला या मटमैला रंग आ जाए, तो यह व्यक्ति को चिंता में डाल देता है। उसका उत्साह अति उत्साह बनकर उसी के जीवन को ग्रस्त करने में लग जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं क्कि यदि आपका आभामण्डल आपको बुरा प्रतीत होता है तो आप स्वयं उसका हल भी निकाल सकते हैं।

किसी भी सदस्य को अपनी औरा चेक करवानी हो तो अपनी फ़ोटो भेज कर पूछ सकते हैं ।

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